Dehradun: उत्तराखंड सरकार जौनसार–बावर के हक–हकूकों पर डाका डालकर यहां के लोगों का लगातार शोषण कर रही है। हैरानी की बात यह है कि स्थानीय जनप्रतिनिधि भी इस पूरे मामले में मौन साधे हुए हैं और सरकार का साथ दे रहे हैं। यह आरोप उत्तराखंड स्वाभिमान मोर्चा के अध्यक्ष बॉबी पंवार ने लगाया है।
दरअसल, विकासनगर में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान बॉबी पंवार ने जौनसार–बावर के हक–हकूकों का मुद्दा उठाते हुए उत्तराखंड सरकार और क्षेत्र से चुने गए जनप्रतिनिधियों पर करारा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बीते चार वर्षों से जौनसार–बावर की जनता को माफी की लकड़ी तक नहीं दी जा रही है, जो यहां के लोगों का पारंपरिक अधिकार है।
बॉबी पंवार ने कहा कि नब्बे के दशक में चले मामलों, उन पर आए न्यायालय के निर्णय, बाजी बुल अर्ज एक्ट और इससे संबंधित एक शासनादेश के बावजूद जौनसार–बावर के हक–हकूक आज तक बहाल नहीं किए गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर इन अधिकारों की अनदेखी कर रही है, जिससे स्थानीय लोगों की आजीविका और परंपराओं पर सीधा असर पड़ रहा है।
उत्तराखंड स्वाभिमान मोर्चा के अध्यक्ष ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि यदि जल्द ही जौनसार–बावर के हक–हकूकों को लेकर कोई ठोस पहल नहीं की गई, तो संगठन जन आंदोलन शुरू करने से पीछे नहीं हटेगा।
