Uttarakhand Dhami Cabinet: धामी कैबिनेट का पूर्ण विस्तार…. 5 नए मंत्रियों की एंट्री के साथ 2027 की बिसात तैयार!” 

Uttarakhand Dhami Cabinet Expansion: उत्तराखंड में काफी समय से अटकलों और टलते फैसलों के बीच आखिरकार धामी मंत्रिमंडल के विस्तार का रास्ता साफ हो गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने मंत्रिमंडल में 5 नए मंत्रियों को शामिल किया है।

विधायक खजान दास, भरत सिंह चौधरी, मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा और राम सिंह केड़ा ने आज धामी मंत्रिमंडल में मंत्रिपद की शपथ ली। लोकभवन में आयोजित समारोह में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेनि.) गुरमीत सिंह ने इन नए मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।

शपथ लेने वाले नए मंत्री 

हरिद्वार से विधायक मदन कौशिक : वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री, इन्होंने हिंदी में शपथ ली।

राजपुर से विधायक खजान दास : पूर्व मंत्री और अनुभवी विधायक।

रुद्रप्रयाग से विधायक भरत सिंह चौधरी : पहली बार मंत्री बने हैं। उन्होंने संस्कृत में शपथ ग्रहण की।

रुड़की से विधायक प्रदीप बत्रा : यह भी पहली बार कैबिनेट का हिस्सा बने हैं।

भीमताल से विधायक राम सिंह कैड़ा : पहली बार मंत्री पद की जिम्मेदारी मिली है।

 

इन 5 नए मंत्रियों के शामिल होने के बाद, धामी मंत्रिमंडल में अब मुख्यमंत्री सहित मंत्रियों की संख्या बढ़कर 12 हो गई है। बता दें कि उत्तराखंड कैबिनेट में पूर्व में तीन पद खाली थे। उसके बाद 26 अप्रैल 2023 को कैबिनेट मंत्री चंदन राम दास का निधन हो गया, जिसके कारण खाली पदों की संख्या चार हो गई थी। वहीं साल 2025 में विवादित बयान देने पर कैबिनेट मंत्री प्रेम चंद्र अग्रवाल को पद छोड़ना पड़ा था। तब से धामी कैबिनेट में खाली पदों की संख्या पांच हो गई थी। इस विस्तार के साथ ही धामी मंत्रिमंडल में लंबे समय से खाली चल रहे सभी पांच पद भर गए हैं।

धामी मंत्रिमंडल में मैदान से लेकर पहाड़ तक संतुलन

इसे 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारी के रूप में देखा जा रहा है, जिसमें कुमाऊं और गढ़वाल के क्षेत्रीय व जातीय समीकरणों को संतुलित किया गया है। पहली बार हरिद्वार को दो कैबिनेट मंत्री मिले। अब कैबिनेट में गढ़वाल के आठ और कुमाऊं के चार मंत्री हैं। तीन विधायक पहली बार कैबिनेट मंत्री बने। दो पुराने मंत्रियों को भी मौका दिया गया। ताजपोशी के लिए इन नए चेहरों का चयन पिछले चार साल के कामकाज का रिकॉर्ड देखकर किया गया है।