Dehradun: देहरादून में चल रहा पीआरडी स्वयंसेवकों का धरना आखिरकार सरकार के साथ वार्ता के बाद समाप्त हो गया। सचिवालय में आयोजित बैठक में युवा कल्याण एवं पीआरडी विभाग की मंत्री ने स्वयंसेवकों की प्रमुख मांगों पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शन कर रहे स्वयंसेवक धरना खत्म करने पर सहमत हो गए।
बैठक के दौरान पीआरडी स्वयंसेवकों ने वर्षभर रोजगार उपलब्ध कराने, होमगार्ड के समान मानदेय देने और महंगाई भत्ता (डीए) लागू करने की मांग प्रमुख रूप से उठाई। स्वयंसेवकों का कहना था कि वर्तमान व्यवस्था में उन्हें सीमित दिनों का ही काम मिलता है, जिससे आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने मानदेय बढ़ाने और नियमित रोजगार की व्यवस्था करने की मांग दोहराई।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्वयंसेवकों की मांगों पर शीघ्र प्रस्ताव तैयार किया जाए और उसे कैबिनेट में प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार स्वयंसेवकों की समस्याओं के समाधान के लिए गंभीर है और व्यवहारिक समाधान निकालने की दिशा में तेजी से काम किया जाएगा।
बैठक में खिलाड़ियों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न नौकरी देने, स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की स्थापना प्रक्रिया को आगे बढ़ाने और विभाग में नए पदों के सृजन को लेकर भी सरकार ने कार्रवाई तेज करने की बात कही। अधिकारियों को इन मामलों में प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार की ओर से सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद पीआरडी स्वयंसेवकों ने अपना धरना समाप्त करने की घोषणा की। स्वयंसेवकों ने कहा कि यदि तय समय में मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
